
जगदलपुर। नक्सली संगठन के शीर्ष कैडर के बसवराजु की मौत के बाद अब नक्सली संगठन में जनरल सेक्रेटरी के पद पर देवजी को नियुक्त करने एवं हिड़मा को बस्तर की कमान सौंपने एवं की खबर है। लेकिन नक्सली संगठन की ओर से पर्चे एवं जारी बुकलेट में तेलंगाना के करीमनगर निवासी देवजी को नया महासचिव चुने जाने एवं छत्तीसगढ़ के सुकमा इलाके में सक्रिय कुख्यात नक्सली हिड़मा को दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी की जिम्मेदारी दिए जाने कोई जिक्र नही किया गया है। वहीं नक्सल संगठन में नई नियुक्तियों पर बस्तर आईजी सुंदरराज पी ने कहा कि यह जानकारी मिल रही है कि देवजी को नक्सल संगठन का जनरल सेक्रेटरी और हिड़मा को दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी का सचिव बनाया गया है। उन्होने कहा कि बस्तर में नक्सलियों के खात्मे के लिए बड़े नक्सल ऑपरेशन के दौरान कोई भी सचिव या अध्यक्ष बने इससे कोई फर्क नहीं पड़ता है, क्योंकि क्षेत्र की जनता की इच्छा अनुसार और शासन की मंशा अनुरूप आने वाले समय में संगठन का खात्मा सुनिश्चित किया जा रहा है।
बस्तर आईजी सुंदरराज पी. ने कहा कि नक्सली संगठन अपनी अंतिम सांस गिन रहा है, नक्सलियों के खात्मे के लिए पुलिस लगातार अभियान चला रही है। नक्सलियों के पास केवल एक ही विकल्प बचा हुआ है, कि वे हिंसा छोड़कर आत्मसमर्पण करें, अन्यथा उन्हें इसका काफी गम्भीर परिणाम भुगतना पड़ेगा। नक्सलियों के विरुद्ध प्रभावी रूप से कार्रवाई के परिणामस्वरूप नक्सली संगठन में बड़ी संख्या में टॉप लीडर, पीएलजीए संगठन व अन्य कैडरों का शव अलग-अलग मुठभेड़ों में बरामद किया गया, जिनमें सुधाकर और बसवा राजू जैसे बड़े नाम शामिल हैं। इसके साथ ही कई नक्सली संगठन छोड़कर समाज की मुख्यधारा में शामिल होने के लिए आत्मसमर्पण भी कर रहे हैं। जिससे नक्सल संगठन खात्मे की ओर अग्रसर है। उनकी बल संख्या काफी कम हो रही है, वर्तमान के समय मे नक्सली संगठन दिशाविहीन और नेतृत्व विहीन हो रही है।