पेटीएम में बड़ा बदलाव: मधुर देओरा ने छोड़ी बोर्ड की कमान!-पेटीएम में हुआ है बड़ा बदलाव! कंपनी के मुख्य वित्तीय अधिकारी (CFO), मधुर देओरा ने बोर्ड से इस्तीफा दे दिया है। लेकिन घबराने की ज़रूरत नहीं है, क्योंकि वो अपनी पुरानी भूमिका, कंपनी के अध्यक्ष और ग्रुप CFO के तौर पर काम करते रहेंगे। CEO को बिज़नेस बढ़ाने और मुनाफा बढ़ाने में मदद करेंगे। देओरा का कहना है कि बोर्ड की ज़िम्मेदारी शुरू से ही अस्थायी थी और अब वो बिज़नेस प्राथमिकताओं पर ध्यान केंद्रित करना चाहते हैं।
देओरा का बोर्ड से जाना: एक नया अध्याय-देओरा लगभग ढाई से तीन साल से बोर्ड में थे, लेकिन उनका कहना है कि ये भूमिका शुरू से ही अस्थायी थी। कंपनी को एक कार्यकारी निदेशक की ज़रूरत थी, और देओरा ने ये ज़िम्मेदारी पूरी की। अब वो अपनी ऊर्जा कंपनी के बिज़नेस लक्ष्यों पर लगाना चाहते हैं। यह बदलाव पेटीएम के लिए एक नए अध्याय की शुरुआत है, और आने वाले समय में कंपनी के विकास के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।
उर्वशी सहाय बनीं नई निदेशक-देओरा के जाने के बाद, पेटीएम की जनरल काउंसल उर्वशी सहाय को कंपनी का पूर्णकालिक निदेशक नियुक्त किया गया है। वह अगले पाँच सालों तक कंपनी की प्रमुख प्रबंधकीय कर्मचारी (Key Managerial Personnel) रहेंगी और कंपनी के कानूनी और कॉरपोरेट प्रशासन को मज़बूत करेंगी। उनके अनुभव और विशेषज्ञता से पेटीएम के कॉरपोरेट गवर्नेंस में सुधार होगा।
बिमल जुल्का ने भी दिया इस्तीफा-पेटीएम में एक और बड़ा बदलाव हुआ है। कंपनी के गैर-कार्यकारी स्वतंत्र निदेशक और पूर्व IAS अधिकारी बिमल जुल्का ने भी अपना पद छोड़ दिया है। इससे पेटीएम के बोर्ड में एक साथ दो महत्वपूर्ण बदलाव हुए हैं, जिससे कंपनी के प्रशासन ढांचे में बदलाव की उम्मीद है। ये बदलाव कंपनी के भविष्य की रणनीति को कैसे प्रभावित करेंगे, यह देखना दिलचस्प होगा।
आगे क्या?-इन बदलावों के बाद पेटीएम की आगे की रणनीति क्या होगी, यह देखना दिलचस्प होगा। क्या ये बदलाव कंपनी के लिए फायदेमंद साबित होंगे? सिर्फ़ समय ही बता सकता है। लेकिन एक बात तो साफ़ है, पेटीएम अपने भविष्य के लिए नई रणनीतियाँ बना रहा है।
