नई दिल्ली। पीआईबी ने फैक्ट चेक करते हुए कहा कि डाक संचालन को सुव्यवस्थित करने, वितरण समय में सुधार लाने और रसद संसाधनों का अनुकूलन करने के लिए, डाक विभाग ने अपने छंटाई ढाँचे को युक्तिसंगत बनाया है और पंजीकृत तथा स्पीड पोस्ट, दोनों प्रकार की वस्तुओं के प्रसंस्करण को एकीकृत किया है। भारतीय डाक ने मीडिया के एक खास वर्ग द्वारा चलाई जा रही उन खबरों को खारिज कर दिया है, जिनमें दावा किया गया था कि बेहद लोकप्रिय सेवा, पंजीकृत डाक, 1 सितंबर, 2025 से बंद हो रही है। एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर जारी एक तथ्य जांच में, डाक विभाग ने कहा कि पंजीकृत डाक को बंद नहीं किया गया है और वास्तव में इस सेवा को स्पीड पोस्ट के साथ विलय करके उन्नत किया गया है। वहीं, पीआईबी ने फैक्ट चेक करते हुए कहा कि डाक संचालन को सुव्यवस्थित करने, वितरण समय में सुधार लाने और रसद संसाधनों का अनुकूलन करने के लिए, डाक विभाग ने अपने छंटाई ढाँचे को युक्तिसंगत बनाया है और पंजीकृत तथा स्पीड पोस्ट, दोनों प्रकार की वस्तुओं के प्रसंस्करण को एकीकृत किया है।
