भारत ने बदला गेम प्लान, पहली बार इक्वाडोर से खरीदा 20 लाख बैरल क्रूड ऑयल


बिजनेस डेस्कः ग्लोबल जियो-पॉलिटिकल तनाव के बीच भारत ने तेल आपूर्ति को लेकर बड़ी रणनीतिक चाल चली है। रूस पर प्रतिबंध, ईरान के साथ बढ़ती तनातनी और वेनेजुएला को लेकर अमेरिका के सख्त रुख के चलते हाल के हफ्तों में कच्चे तेल की वैश्विक सप्लाई पर दबाव बढ़ा है। इन हालात में भारत ने सस्ते और सुरक्षित तेल की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए अपने स्रोतों में बड़ा बदलाव किया है।

अब भारत किसी एक या दो देशों पर निर्भर नहीं रहना चाहता। इसी रणनीति के तहत भारत ने 50 से ज्यादा देशों के साथ कच्चे तेल की डील की है। खुद पेट्रोलियम मंत्री भी पहले इस बात की जानकारी दे चुके हैं। बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में भी तेजी देखी गई है।

महाराष्ट्र से भी छोटे देश से खरीदा 20 लाख बैरल तेल

इसी रणनीति के तहत भारत ने अब एक ऐसे देश से कच्चा तेल खरीदा है, जिसका भौगोलिक आकार महाराष्ट्र से भी छोटा है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, भारत की सरकारी तेल कंपनी इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन (IOC) ने इक्वाडोर से 20 लाख बैरल कच्चा तेल खरीदा है। यह सप्लाई मार्च के अंत तक मिलने की उम्मीद है।

यह इक्वाडोर के ओरिएंटे ग्रेड के कच्चे तेल की भारत को पहली खेप है। माना जा रहा है कि आने वाले महीनों में भारत इस देश से और भी तेल खरीद सकता है। IOC रूसी तेल की घटती उपलब्धता की भरपाई के लिए अपने सोर्स बेस को तेजी से डायवर्सिफाई कर रही है।

रूसी तेल पर प्रतिबंध का असर

अमेरिका और यूरोपीय यूनियन द्वारा रूसी तेल उत्पादकों और शिपिंग पर लगाए गए प्रतिबंधों के चलते भारत के लिए रूस से तेल आयात में रुकावटें आई हैं। ऐसे में भारतीय रिफाइनर वैकल्पिक देशों से तेल खरीदने पर जोर दे रहे हैं। इससे वॉशिंगटन के साथ संभावित ट्रेड डील को लेकर भारत की बातचीत को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।

सूत्रों के मुताबिक, IOC ने यह 20 लाख बैरल मध्यम-भारी खट्टा कच्चा तेल टेंडर के जरिए खरीदा है, हालांकि कीमत और विक्रेता की जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है। कंपनी ने फिलहाल इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है।

दक्षिण अमेरिका से बढ़ रही खरीदारी

आमतौर पर IOC अपनी ज्यादातर तेल जरूरतें रूस और मिडिल ईस्ट से पूरी करती है, जबकि दक्षिण अमेरिका से खरीद सीमित रही है। हालांकि कंपनी के पास मेक्सिको, ब्राजील और कोलंबिया जैसे देशों के साथ वैकल्पिक सप्लाई समझौते मौजूद हैं। पिछले महीने ही IOC ने कोलंबिया से भी 20 लाख बैरल कच्चा तेल खरीदा था।

महाराष्ट्र बनाम इक्वाडोर

इक्वाडोर का क्षेत्रफल करीब 2.83 लाख वर्ग किलोमीटर है, जबकि महाराष्ट्र का क्षेत्रफल लगभग 3.08 लाख वर्ग किलोमीटर है। आबादी के लिहाज से महाराष्ट्र (करीब 14 करोड़) इक्वाडोर (करीब 1.8 करोड़) से कई गुना बड़ा है। वहीं GDP की बात करें तो इक्वाडोर की अर्थव्यवस्था लगभग 130.5 अरब डॉलर की है, जबकि महाराष्ट्र की GDP 2026 में करीब 580 अरब डॉलर रहने का अनुमान है।

 


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